पर्सनल कम्प्यूटर क्या है | What Is Personal Computer – Best Knowledge in Hindi

पर्सनल कम्प्यूटर क्या है | What Is Personal Computer – Best Knowledge in Hindi

पर्सनल कम्प्यूटर क्या है पर्सनल कम्प्यूटर माइक्रो कम्प्यूटर का ही एक रूप है। सन् 1970 में माइक्रोप्रोसेसर (Microprocessor) के आविष्कार के बाद, बनाए गए कम्प्यूटर्स में इसका प्रयोग किया गया। इससे पहले के कम्प्यूटर्स आकार में बड़े तथा गति में धीमे होते थे साथ ही इनकी कीमत भी इतनी अधिक थी कि सामान्य उपयोगकर्ता उसे वहन (Afford) नहीं कर सकता था। माइक्रोप्रोसेसर के प्रयोग से पर्सनल कम्प्यूटर का आकार छोटा होता चला गया उनकी गति में तीव्रता आती चली गई तथा कीमत में भी कमी आती गई।


कम्प्यूटर के निर्माण में अग्रणी संस्था आईबीएम (IBM) अब ऐसे कम्प्यूटर के निर्माण में जुट गई, जिसे साधारण व्यक्ति भी खरीद सके। इन कम्प्यूटर को आकार में छोटा बनाया गया, इसलिये ये व्यक्तिगत उपयोग के लिये घर या बाहर किसी भी कार्यक्षेत्र में लगाये जा सकते हैं, अतः इन्हें पर्सनल कम्प्यूटर (Personal Computer) अथवा पीसी (PC) भी कहते हैं।

आई.बी.एम. द्वारा निर्मित पर्सनल कम्प्यूटर (PC) को आईबीएम-पीसी (IBM-PC) कहा गया। इस कम्प्यूटर की क्षमता बहुत कम थी साथ ही यह आकार में इतना छोटा था कि किसी मेज के एक कोने पर भी रखा जा सकता था, परन्तु यह इतना लोकप्रिय हुआ कि कम्प्यूटर बनाने वाली सभी कम्पनीज़ ने पीसी बनाने शुरू कर दिए। इसके साथ ही इनकी क्षमता बढ़ाने के भी प्रयास प्रारम्भ हुए।

पर्सनल कम्प्यूटर क्या है | What Is Personal Computer – Best Knowledge in Hindi
पर्सनल कम्प्यूटर क्या है | What Is Personal Computer – Best Knowledge in Hindi

पर्सनल कम्प्यूटर क्या होता है- पर्सनल कंप्यूटर कौन कौन से होते हैं एवं पर्सनल कंप्यूटर की उपयोगिता

आजकल पर्सनल कम्प्यूटर अत्यन्त लोकप्रिय हो गए हैं। अब पीसी-एटी की क्षमता एवं शक्ति बड़े कम्प्यूटर्स की शक्ति एवं क्षमता से टक्कर लेती है, जबकि कीमत अपेक्षाकृत बहुत कम है। शुरू में पीसी में लगाए जाने वाले प्रोसेसर (Processor) 8 बिट के होते थे, परन्तु पीसी-एटी में लगाए जाने वाले प्रोसेसर 16 या 32 बिट के होते हैं। इनकी गति बहुत अधिक होती है तथा भंडारण क्षमता भी काफी अधिक होती है।

पीसी बनाने की शुरूआत आईबीएम द्वारा की गई थी। आजकल अनेक कम्पनीज़ पीसी के निर्माण में जुटी हुई हैं। ये पीसी आकार, संरचना, हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर और ताकत में आईबीएम-पीसी जैसे होते हैं, इसीलिए ये पीसी आईबीएम-पीसी कॉम्पैटीबिल हैं। इन PC’s पर वे सभी सॉफ्टवेयर चलाए जा सकते हैं, जो आईबीएम-पीसी पर चलाए जा सकते हैं। आईबीएम के पास पीसी के सॉफ्टवेयर का बहुत बड़ा भण्डार है, सॉफ्टवेयरस  का लाभ उठाने के लिए सभी कम्पनीज़ अपने पीसी आईबीएम-पीसी जैसा ही बनाती है।

पीसी के प्रकार (Types of PC’s)

पीसी मुख्य रूप से चार प्रकार के होते हैं-पॉमटॉप पीसी, लैपटॉप/नोटबुक पीसी, डेस्कटॉप पीसी तथा वर्क स्टेशन्स।

पॉमटॉप पीसी (Palmtop PC)

पॉमटॉप पीसीआकार में इतने छोटे होते हैं, कि कोई व्यक्ति इन्हें हथेली पर रख कर प्रयोग कर सकता है। इसीलिए इन्हें पॉमटॉप पीसी के नाम से जाना जाता है। इस कम्प्यूटर की सभी क्षमताऐं एक सामान्य पर्सनल कम्प्यूटर से मिलती है। पॉमटॉप कम्प्यूटर की संग्रहण क्षमता कम होती है। इन कम्प्यूटर्स को वायरलैस नेटवर्क द्वारा जोड़ा भी जा सकता है।

पॉमटॉप कम्प्यूटर, मोबाइल फोन, फैक्स और ई-मेल मशीन की भांति प्रयोग करने की सुविधा प्रदान करता है। आजकल सैलुलर फोन में पीसी को समाहित करके इसका प्रयोग बहुआयामी कर दिया गया है। इलैक्ट्रॉनिक डायरी भी इसी का एक रूप है। एक सी मॉनीटर स्क्रीन होती है। इसे बैटरी की सहायता से चलाया जाता है। की-बोर्ड की सहायता से इसमें कमाण्ड्स को दिया जाता है, डेटा इनपुट किया जाता है। कमाण्ड के उपरान्त प्राप्त परिणाम का प्रदर्शन इसकी स्क्रीन पर होता है।

लैपटॉप/नोटबुक (Laptop/Notebook)

लैपटॉप पीसी को ही नोटबुक कम्प्यूटर के नाम से भी जाना जाता है। लैपटॉप कम्प्यूटर का भार लगभग 2 Kg होता है। एक व्यक्ति इस प्रकार के कम्प्यूटर को गोद में रखकर इस पर कार्य कर सकता है। इस कम्प्यूटर की बनावट एक ब्रीफकेस अथवा बड़ी नोटबुक के समान होती है। यह एक पोर्टेबल (Portable) कम्प्यूटर है, इसे किसी भी स्थान पर सुगमता से ले जाया जा सकता है।

इस कम्प्यूटर में की-बोर्ड, Flat Screen Liquid Crystal Display तथा एक पैन्टियम अथवा Power PC Processor का प्रयोग होता है। लैपटॉप पर रंगीन Display उपलब्ध है। लैपटॉप कम्प्यूटर साधारणतया विन्डोज़ ऑपरेटिंग सिस्टम पर कार्य करते हैं। लैपटॉप में हार्डडिस्क व फ्लॉपी डिस्क दोनों आती हैं। लैपटॉप को एक नेटवर्क द्वारा जोड़ा जा सकता है। लैपटॉप बैटरी द्वारा चलाये जा सकता है। इनका प्रयोग यात्रा के समय, कार्यालय से किया जा सकता है।

वर्कस्टेशन्स (Work Stations)

वर्कस्टेशन्स् भी डेस्कटॉप मशीन ही है। अधिकांश वर्कस्टेशन में बड़ी रंगीन डिस्प्ले यूनिट होती है। साधारणतया इनकी स्मृति (Memory) लगभग 32 से 64 MB की और डिस्क 1 से 5 GB की है। वर्कस्टेशन साधारणतया रिस्क प्रोसेसर प्रयोग किया जाता है, जैसे-MIPS (SIG), SPARC (SUN), ALPHA (DEC), RIOS (IBM) अथवा PA-RISC (HP)। एक X Windows नामक सिस्टम Multiple Process के Status को प्रदर्शित करने के लिये वर्क स्टेशन द्वारा उपलब्ध किया जाता है। अधिकांश वर्कस्टेशन LAN के लिये Hardware के रूप में प्रयुक्त किये जाते हैं।

डेस्कटॉप पीसी (Desktop PC)

सामान्यतः कार्यालयों, विद्यालयों, घरों आदि में प्रयोग किए जाने वाले पर्सनल कम्प्यूटर्स, डेस्कटॉप पीसी (Desktop PC) होते हैं। डेस्कटॉप पीसी का निर्माण करने वाली बाजार में अनेक कम्पनीज़ हैं। इनमें से IBM तथा Macintosh प्रमुख है। सामान्य बोलचाल में डेस्कटॉप को ही पीसी के रूप में जाना जाता है। मॉनीटर, केबिनेट, की-बोर्ड, माउस आदि इसके मुख्य भाग होते हैं। की-बोर्ड तथा माउस की सहायता से कम्प्यूटर को कमाण्ड दी जाती हैं तथा डेटा प्रविष्ट किया जाता है।

केबिनेट में स्थित सीपीयू द्वारा कमाण्ड का अनुपालन किया जाता है और प्राप्त परिणाम को मॉनीटर स्क्रीन पर दर्शाया 32 FICTIMER # IBM PC; IBM Ps/2; Apple II, lle, llc 3ik Macintosh Line; Today 1000, 2000, 3000, 4000; concpag desk 286 और 386; Pentium, Pentium PII, Pentium PIII आदि नामक मॉडल उपलब्ध हैं। डेस्कटॉप को दो भागों में विभाजित कर सकते हैं-


1- सिंगल यूजर सिस्टम-एक बार में एक व्यक्ति द्वारा उपयोग किये जाने वाला पीसी सिंगल यूजर सिस्टम कहलाता है।
2- मल्टीयूजर सिस्टम –एक बार में अनेक व्यक्तियों द्वारा उपयोग किये जाने वाला पीसी मल्टीयूजर सिस्टम कहलाता है। ऐसे पीसी सामान्यतः नेटवर्क में प्रयोग किये जाते हैं। 

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